top of page

श्री गणेश जी की आरती | Ganesh Ji Ki Arti

  • Sonu Sir
  • Dec 19, 2025
  • 3 min read

Updated: Dec 25, 2025

गणेश जी की आरती


“ॐ श्री गणेशाय नमः।
वक्रतुंड महाकाय, सूर्यकोटि समप्रभ।
निर्विघ्नं कुरु मे देव, सर्वकार्येषु सर्वदा॥”
जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश देवा।माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा॥जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश देवा।माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा॥
एकदन्त, दयावन्त, चार भुजा धारी।माथे पर तिलक सोहे, मूषक की सवारी॥जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश देवा।माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा॥
अंधन को आँख देत, कोढ़िन को काया।बाँझन को पुत्र देत, निर्धन को माया॥जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश देवा।माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा॥
हार चढ़े, फूल चढ़े और चढ़े मेवा।लड्डूवन का भोग लगे, संत करें सेवा॥जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश देवा।माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा॥
दीनन की लाज रखो, शम्भु सुतवारी।कामना को पूरा करो, जाऊं बलिहारी॥जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश देवा।माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा॥

Ganesh Ji Ki Arti By Anuradha Paudwal

Text of Ganesh aarti on an orange background with a vibrant statue of Lord Ganesha seated in pink attire, embodying a spiritual ambiance.

🕉️ श्री गणेश जी की आरती का महत्व (विस्तृत पोस्ट)

“जय गणेश जय गणेश, जय गणेश देवा…”यह पंक्तियाँ केवल शब्द नहीं हैं, बल्कि भक्तों की गहरी श्रद्धा और आस्था का प्रतीक हैं। श्री गणेश जी की आरती हिंदू धर्म में अत्यंत पवित्र और महत्वपूर्ण मानी जाती है। किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत गणेश पूजन और उनकी आरती के बिना अधूरी समझी जाती है।

🌺 श्री गणेश जी कौन हैं?

श्री गणेश जी को विघ्नहर्ता, बुद्धि और ज्ञान के देवता, तथा मंगलकर्ता कहा जाता है। वे भगवान शिव और माता पार्वती के पुत्र हैं। गणेश जी का आशीर्वाद मिलने से जीवन के सभी विघ्न दूर होते हैं और सफलता का मार्ग प्रशस्त होता है।

🪔 श्री गणेश जी की आरती क्या है?

आरती भगवान की स्तुति का एक पवित्र माध्यम है, जिसमें दीपक जलाकर प्रभु के गुणों का गुणगान किया जाता है।गणेश जी की आरती में उनके स्वरूप, शक्ति, कृपा और करुणा का वर्णन किया गया है। यह आरती मन को शांति देती है और घर के वातावरण को सकारात्मक बनाती है।

✨ गणेश जी की आरती का धार्मिक महत्व

1️⃣ विघ्नों का नाश

गणेश जी को विघ्नहर्ता कहा जाता है। नियमित रूप से उनकी आरती करने से जीवन की बाधाएँ दूर होती हैं और कार्यों में सफलता मिलती है।

2️⃣ बुद्धि और ज्ञान की प्राप्ति

विद्यार्थियों और ज्ञान की इच्छा रखने वालों के लिए गणेश जी की आरती अत्यंत लाभकारी मानी जाती है। यह एकाग्रता बढ़ाती है और निर्णय क्षमता को मजबूत करती है।

3️⃣ सकारात्मक ऊर्जा का संचार

आरती के समय मंत्रोच्चारण और दीपक की लौ से घर में सकारात्मक ऊर्जा फैलती है, जिससे नकारात्मक शक्तियाँ दूर रहती हैं।

4️⃣ पारिवारिक सुख-शांति

प्रतिदिन गणेश जी की आरती करने से घर में सुख, शांति और आपसी प्रेम बना रहता है।

🌸 कब और कैसे करें गणेश जी की आरती?

  • प्रातः या संध्या समय आरती करना श्रेष्ठ माना जाता है।

  • गणेश जी के सामने दीपक जलाकर, फूल अर्पित कर, श्रद्धा भाव से आरती करें।

  • आरती के अंत में परिवार के सभी सदस्यों को प्रसाद दें।

🙏 भक्ति और भाव का महत्व

गणेश जी की आरती केवल एक धार्मिक क्रिया नहीं है, बल्कि यह भक्ति, विश्वास और समर्पण का प्रतीक है। यदि सच्चे मन से आरती की जाए, तो गणपति बप्पा अपने भक्तों पर सदैव कृपा बनाए रखते हैं।

🌼 निष्कर्ष

श्री गणेश जी की आरती जीवन में शुभता, सफलता और शांति लाने का एक सरल और प्रभावशाली साधन है। चाहे कोई भी कार्य हो—पढ़ाई, व्यापार, विवाह या नया आरंभ—गणेश जी की आरती करने से हर कार्य निर्विघ्न पूर्ण होता है।

🙏 गणपति बप्पा मोरया! मंगल मूर्ति मोरया! 🙏

Comments


bottom of page